पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रधान सुनील जाखड़ ने किसान आंदोलन के मद्देनजर पंजाब को बदनाम करने,

रिंकी बागड़ी की रिपोर्ट

जालंधर ( पंजाब ) :- पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रधान सुनील जाखड़ ने किसान आंदोलन के मद्देनजर पंजाब को बदनाम करने, पूरे देश से अलग-थलग करने और एक डिस्टर्बड स्टेट बनाने की साजिशों की निंदा करते हुए इसे लोकतंत्र का गला घोंटने की घिनौनी कोशिश करार दिया है। उन्होंने कहा है कि दुनियाभर से किसान आंदोलन को मिल रहे भारी समर्थन को देखते हुए पंजाब को बदनाम करने और देश को बांटने की साजिशें रची जा रही हैं।

उन्होंने सभी लोगों से आह्वान किया कि इस साजिश के खिलाफ एकजुट होकर आगे आएं और इस कोशिश को नाकाम कर दें। इस दौरान राज्यसभा में कृषि मंत्री नरेंदर सिंह तोमर के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि तोमर सदन में यह बताना भूल गए कि पंजाब में 2013 में कांट्रेक्ट फार्मिंग कानून लेकर आने वाली अकाली-भाजपा सरकार ही थी, जिसमें भाजपा बराबर की भागीदार थी। यह पहला ऐसा कानून था, जिसमें कांट्रेक्ट से बाहर आने पर किसान के लिए सजा का भी प्रावधान था। मगर किसानों के भारी विरोध के चलते यह कानून लागू नहीं हो पाया।

उन्होंने कहा कि विदेशी कंपनियों को खुश करने के लिए केंद्र सरकार ने देश की फूड सिक्योरिटी को ही दांव पर लगा दिया है। उन्होंने केंद्र सरकार से इस मुद्दे पर जन भावनाओं की कद्र करते हुए लोकतंत्र को बचाने की अपील की। जाखड़ ने कहा कि ये मसला सिर्फ किसानों का नहीं ब्लकि पूरे लोकतंत्र का है क्योंकि देश-विरोधी ताकतें इस मसले पर देश को बांटने की कोशिश कर रही हैं। उन्होंने कहा कि देश की खाद्य सुरक्षा से समझौता हुआ तो अनाज की कीमतें आसमान पर पहुंच जाएंगी।

इस मौके पर विधायक राजिंदर बेरी, सुशील रिंकू, अवतार हैनरी जूनियर, मेयर जगदीश राज राजा व अन्य मौजूद थे।